
बाल दिवस के अवसर पर शिवालिक एकेडमी में हिंदी बाल कवि सम्मेलन का उत्साहपूर्ण और गरिमामय आयोजन किया गया। कक्षा 3 से कक्षा 8 तक के विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मक, सृजनशील एवं मनमोहक प्रस्तुतियों से सभी दर्शकों का मन मोह लिया।
कार्यक्रम में मुख्य निर्णायक के रूप में विद्यालय एक्टिविटी -ऑर्डिनेटर श्रीमती शम्मी चौहान, श्री रविन्द्र सिंह नेगी, तथा विद्यालय के हिंदी अध्यापक श्री शेर सिंह उपस्थित रहे। निर्णायकों ने बच्चों की रचना शक्ति, आत्मविश्वास और प्रस्तुति शैली की भरपूर सराहना की।
मुख्य अतिथि के रूप में कैप्टन रवीन्द्र सिंह नेगी (प्रवक्ता हिन्दी, पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज होरावाला एवं पूर्व प्रधानाचार्य सरस्वती विद्या मंदिर तिपरपुर, सभावाला) उपस्थित रहे। उन्होंने बच्चों की प्रतिभा, मंच संचालन क्षमता और काव्य प्रस्तुति को अत्यंत सराहनीय बताया और कहा कि ऐसे आयोजनों से बच्चों में भाषाई दक्षता और आत्मविश्वास दोनों का विकास होता है।
विभिन्न कक्षाओं से प्राप्त परिणाम काफी उत्साहजनक रहे।
कक्षा 3 में मायरा वर्मा (विंध्या सदन) प्रथम, अनुष्का कोटियाल (अरावली सदन) द्वितीय और मायरा वर्मा (सतपुड़ा सदन) तृतीय स्थान पर रहीं।
कक्षा 4 में जसलीन सिंह (अरावली सदन) प्रथम, अंजन पुंडीर (सतपुड़ा सदन) द्वितीय तथा अनिका चौहान (विंध्या सदन) तृतीय रहीं।
कक्षा 5 में स्वस्तिका (शिवालिक सदन) प्रथम, रूहिका वेदवान (विंध्या सदन) द्वितीय और अंशिका रावत (सतपुड़ा सदन) तृतीय स्थान पर रहे।
कक्षा 6 में अनूप सिंह (अरावली सदन) प्रथम, आयुषी सिंह (शिवालिक सदन) द्वितीय तथा आराध्या शाह (सतपुड़ा सदन) तृतीय रहीं।
कक्षा 7 में आरव नेगी (सतपुड़ा सदन) प्रथम, जिया सिंह (शिवालिक सदन) द्वितीय और मानवी डिमरी (अरावली सदन) तृतीय स्थान पर रहे।
कक्षा 8 में यशस्वी चौहान (विंध्या सदन) प्रथम, शगुन राठौर (सतपुड़ा सदन) द्वितीय और देवांश चौधरी (अरावली सदन) तृतीय स्थान पर रहे।
ओवरऑल परिणामों में सतपुड़ा सदन ने प्रथम स्थान प्राप्त करते हुए उत्कृष्ट प्रदर्शन किया, जबकि विंध्य सदन द्वितीय तथा अरावली सदन तृतीय स्थान पर रहे।
कार्यक्रम के दौरान छोटे बच्चों की प्रस्तुतियों ने विशेष रूप से सभी को आकर्षित किया। किसी ने ‘ख़्वाबों की रेलगाड़ी’, किसी ने ‘मैं भी एक खिलौना होता’ जैसी कविताएँ सुनाईं, तो कुछ विद्यार्थियों ने कबीर, रहीम के दोहे प्रस्तुत कर सभा का ध्यान खींचा। वहीं कई बच्चों ने अपनी हास्यपूर्ण कविताओं से सभी को ठहाके लगाने पर मजबूर कर दिया।
कार्यक्रम के समापन पर प्रधानाचार्या महोदया ने सभी प्रतिभागियों की सराहना की और कहा कि विद्यार्थियों की साहित्यिक प्रतिभा विद्यालय के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने विशेष रूप से शिक्षिकाओं श्रीमती मीनू सिंह एवं श्रीमती निधि पुरोहित को उनके उत्कृष्ट मार्गदर्शन और सहयोग के लिए धन्यवाद दिया, जिनके प्रयासों से कार्यक्रम सफलतापूर्वक सम्पन्न हो सका।


