
शिवालिक कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग देहरादून में दो दिवसीय प्रथम अंतराष्ट्रीय सम्मेलन ऑन एडवांसेज इन एप्लाइड साइंसेस एवं टेक्नोलॉजी का विधिवत संपन्न हुआ। दूसरे दिन में शोधार्थियों के द्वारा पेपर प्रस्तुत किए गए। सम्मेलन के समापन के अवसर पर बीर माधो सिंह भंडारी तकनीकी विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार प्रोफेसर डॉ० राजेश उपाध्याय जी के द्वारा किया गया, उन्होंने अपने समापन भाषण में शिवालिक कॉलेज के द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में किए गए कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से कॉलेज ही नहीं बल्कि शिक्षा जगत से जुड़े सभी छात्रों शोधार्थियों शिक्षाविदों विषय विशेषज्ञों और उद्योग जगत से जुड़े पेशेवरों को एक साझा मंच प्रदान करना है। जिससे वे अपने नवाचारों के द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में किए गए प्रयासों का आंकलन कर समाज को नई दिशा प्रदान कर सकते हैं, सम्मेलन का उद्देश्य विज्ञान और प्रौद्योगिकी की उन्नत सीमाओं को उजागर करके वैज्ञानिक प्रतिभा को पोषित करना है।
दूसरे दिन के मुख्य वक्ताओं में एशियन इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी थाईलैंड से प्रोफेसर डॉ० जय गोविंद सिंह, मलेशिया से प्रोफेसर हसमत मलिक, यूपीईएस से प्रोफेसर डॉ जितेंद्र यादव ने अपने की नोट सत्र में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में हो रहे नवाचारों से रूबरू कराया।
कार्यक्रम का संचालन संयोजक प्रोफेसर डॉ० यू सी गुप्ता, डॉ प्रियंका शर्मा ने सम्मेलन में प्रतिभाग करने वाले सभी आगंतुकों और मीडिया कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। समापन के अवसर पर बेस्ट पेपर अवार्ड प्रस्तुत करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र प्रदान डॉ ठाकुर सिंह, नर्मदा रानी, सुप्रिया शुक्ला और सरताज खान को दिया गया।
दो दिन तक चलने वाले अंतराष्ट्रीय सम्मेलन में देश विदेश से प्रतिभाग करने वाले देशों में मलेशिया थाईलैंड ऑस्ट्रेलिया मिश्र बांग्लादेश के अलावा भारत के विभिन्न राज्यों के पंद्रह से अधिक राज्यों के विषय विशेषज्ञों और शोधार्थियों ने प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर कॉलेज ऑफ फार्मेसी के प्रिंसिपल प्रोफेसर डॉ० सायंतन मुखोपाध्याय, आई क्यू ए सी के डायरेक्टर डॉ सुरमधुर पंत, रजिस्ट्रार श्री राकेश भंडारी, डीन रिसर्च प्रोफेसर डॉ० संतोष जोशी, डीन एडमिन प्रोफेसर डॉ० आर के महलावर के अलावा विभिन्न विभागों के डीन, विभागाध्यक्षों के साथ छात्रों शिक्षकों और मीडिया प्रभारी मौजूद रहे।

