


महाराष्ट्र के अमरावती जिले में सरकारी महिला महिला अस्पताल में आग लगने की खबर सामने आ रही है। जिससे हड़कंप मच गया है। ये आग और कहीं नहीं बल्कि बच्चों के NICU वॉर्ड में लगी है। जिसमें अब तक तीन नवजात मासूमों की मौत हो गई। तो वहीं छह शिशु घायल बताए जा रहे हैं। सुपर-स्पेशियलिटी अस्पताल में घायल शिशुओं को इलाज के लिए भर्ती करवाया गया है।
अमरावती के महिला अस्पताल में भीषण आग
बता दें कि वॉर्ड के तीन कमरे हैं। इनमें 39 बच्चे भर्ती थे। आग लगने के बाद नर्सों ने अपनी जान जोखिम में डालकर सभी शिशुओं को बाहर निकाला। इस दौरान कई नर्स जख्मी भी हो गईं। शिशुओं को बचाते समय कई नर्सों के हाथ जल गए। लेकिन उन्होंने अपनी परवाह किए बिना बच्चों को बचाने का पूरा प्रयास किया। हालांकि तीन बच्चों को नहीं बचाया जा सका।
3 नवजात की गई जान
मीडिया से बातचीत के दौरान नर्सों ने कहा, “हमें बस अपने सामने शिशु ही दिखाई दे रहे थे. आग बहुत भीषण थी, फिर भी हमने अपनी जान की परवाह नहीं की। हम बच्चों को उनके इनक्यूबेटर से बाहर निकालने में कामयाब रहे। हमने पूरी कोशिश की, लेकिन पूरी यूनिट में धुआं भर गया था और कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। दुर्भाग्य से हम तीन बच्चों को नहीं बचा सके।”
दो नर्सों की सूझबूझ से बच्चों की जान बची
नवजात शिशु इकाई में वेंटिलेटर में हुए विस्फोट की वजह से ये आग लगी। देखते ही देखते ये आग पूरी तरफ फैल गई। रिपोर्ट की माने, दो नर्सों ने सूझबूझ दिखाई, जिससे छह मासूमों की जान बच सकी।
अस्पताल के डॉक्टर ने कहा ये
अमरावती के सिविल सर्जन डॉ. विनोद पवार ने कहा, “करीब 3:30 बजे फोन आया कि SSU के आउटबाउंड यूनिट में आग लग गई है. अंदर नौ नवजात शिशु थे. मेरे पहुंचने तक उनमें से छह को बाहर निकाल लिया गया था. फायर ब्रिगेड भी काम कर रही थी. हम अंदर पहुंचने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन इतना धुआं था कि हम कुछ नहीं कर पाए. छह नवजातों को दूसरे अस्पतालों में ले जाया गया. वे अब स्थिर हैं. जांच के बाद पता चलेगा कि कैसे घटना हुई. हमने शिकायत दर्ज करा दी है.”
आग बुझाने के उपकरण अस्पताल में नहीं थे ठीक?
अमरावती के पुलिस कमिश्नर राकेश ओला ने कहा, “आज सुबह करीब 3:15 बजे के आसपास सरकारी सिविल अस्पताल के NICU में आग लग गई. NICU में तीन हिस्से हैं और उनमें से एक में नौ बच्चे थे. दुर्भाग्य से, तीन बच्चों की मौत हो गई, जबकि बाकी छह बच्चों को इलाज के लिए दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया गया है. शुरुआती जांच से ऐसा लगता है कि आग NICU में लगे एक वेंटिलेटर के अंदर लगी.”
कांग्रेस नेता एडवोकेट यशोमती चंद्रकांत ठाकुर का बयान आया सामने
पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता एडवोकेट यशोमती चंद्रकांत ठाकुर भी घटनास्थल पर पहुंचे। जहां उन्होंने स्थिति का जायजा लेते हुए कहा, “ये बहुत ही चौंकाने वाली घटना है. मुझे समझ नहीं आ रहा कि क्या कहूं, लेकिन सच यह है कि नई बिल्डिंग के NICU में छोटे बच्चे घायल हुए हैं। मैंने छोटे बच्चों को बचाया है, लेकिन यहां आग बुझाने के उपकरण ठीक से नहीं लगे थे इसलिए आग फैल गई और इन्वर्टर में आग लग गई। कहीं न कहीं कोई चूक हुई है। यहां आग बुझाने का सिस्टम ठीक से तैयार नहीं था जिससे आग फैल गई।
